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जब शाहरुख खान ने खुद पर शक किया और ऋषि कपूर के शब्दों ने बदला उनका नजरिया

When SRK doubted himself, and how Rishi Kapoor’s words changed him

मुंबई: बॉलीवुड के किंग खान शाहरुख खान ने अपनी करियर की शुरुआती जटिलताओं और संघर्षों को याद करते हुए एक बेहद खास मोड़ का जिक्र किया है, जिसने उनकी जिंदगी और अभिनय यात्रा को नए मुकाम पर पहुंचाया। यह वह समय था जब उन्होंने खुद पर कुछ हद तक शक किया, परंतु ऋषि कपूर के प्रोत्साहक शब्दों ने उन्हें फिर से ऊर्जा और विश्वास दिया।

शाहरुख खान ने हाल ही में एक इंटरव्यू में बताया कि उनकी फिल्म ‘दीवाना’ के बाद ऋषि कपूर ने उनका उत्साह बढ़ाने के लिए कहा, “यार तुझमें एनर्जी बहुत है।” ऐसे छोटे लेकिन प्रबल शब्द ने शाहरुख के दिल और दिमाग पर गहरा असर डाला। उन्होंने बताया कि उस वक्त वह अपने अभिनय करियर को लेकर उलझन और अनिश्चितता में थे, लेकिन यह स्नेहपूर्ण समर्थन उनके लिए एक नई दिशा और उम्मीद लेकर आया।

ऋषि कपूर का यह कमेंट शाहरुख के लिए केवल एक तारीफ नहीं था, बल्कि यह उनके हौसले को बुलंद करने वाला एक कारक साबित हुआ। बॉलीवुड में नाम कमाने के लिए संघर्ष कर रहे कलाकारों के लिए यह प्रेरणा का स्रोत बन गया। शाहरुख ने बताया कि उस दिन से उन्होंने खुद पर विश्वास करना सीखा और अपनी प्रतिभा को निखारने में लग गए।

शाहरुख खान की फिल्म ‘दीवाना’ 1992 में रिलीज हुई थी और यह फिल्म उनके लिए एक अहम पड़ाव थी। यह फिल्म उनके करियर का पहला बड़ा ब्रेक साबित हुई, जिसमें उन्हें लोगों ने गंभीरता से लेना शुरू किया। इसी दौरान ऋषि कपूर जैसे वरिष्ठ कलाकारों का समर्थन मिलना उनके लिए विशिष्ट महत्व रखता है।

बॉलीवुड में सितारे बनने की राह आसान नहीं होती। कई बार कलाकारों को खुद पर शक होता है और हार मान लेने का मन करता है, लेकिन ऐसे समय में किसी वरिष्ठ सहयोगी या मित्र का सकारात्मक शब्द किसी जादू से कम नहीं लगता। शाहरुख खान और ऋषि कपूर की यह छोटी-सी बातचीत इस बात का उदाहरण है कि सहयोग और प्रोत्साहन की ताकत क्या हो सकती है।

बॉलीवुड के इतिहास में ऋषि कपूर को एक ऐसे कलाकार के रूप में याद किया जाता है जिन्होंने न केवल अपनी अदाकारी से बल्कि अन्य कलाकारों के प्रति अपने स्नेह और मार्गदर्शन से भी एक अलग पहचान बनाई। उनकी बातें अक्सर नए कलाकारों के लिए प्रेरणा और हौसले का स्रोत बनी हैं।

शाहरुख खान ने अपने इस अनुभव को साझा करते हुए युवाओं और नए कलाकारों के लिए संदेश दिया कि मुश्किल वक्त में खुद पर विश्वास बनाए रखें और सकारात्मक सोच से आगे बढ़ते रहें। उन्होंने कहा कि एक छोटा सा प्रोत्साहन भी जीवन बदल सकता है।

इस कहानी से यह स्पष्ट होता है कि बॉलीवुड में सफलता सिर्फ कड़ी मेहनत से नहीं, बल्कि सही वक्त पर सही शब्द और सही समर्थन मिलने से भी जुड़ी होती है। ऋषि कपूर का यह प्रेरणादायक लम्हा शाहरुख खान के जीवन और करियर में निर्णायक सिद्ध हुआ।

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