सीधी में मौसम की मार: तेज आंधी-तूफान और ओलावृष्टि से तबाही, फसलें बर्बाद, मकान ढहे
अमित श्रीवास्तव, कुसमी।

सीधी जिले के कुसमी तहसील क्षेत्र में शुक्रवार-शनिवार की दरमियानी रात तेज आंधी-तूफान, बारिश और ओलावृष्टि ने जमकर कहर बरपाया। इस भीषण प्राकृतिक आपदा ने कई लोगों को बेघर कर दिया, तो वहीं किसानों की खड़ी फसलें पूरी तरह तबाह हो गईं।
कई मकान गिरे, लोगों में दहशत
ग्राम कोडार के राजकुमार अगरिया पिता गुलाब अगरिया का मकान तेज़ आंधी के कारण ढह गया, जिससे उनका पूरा परिवार संकट में आ गया। इसी तरह, ग्राम कुसमी में रामजी साहू पिता रामेश्वर साहू का मकान भी क्षतिग्रस्त हो गया, जब एक बड़ा पेड़ गिरकर उसके ऊपर आ गिरा।
घटना के समय सभी प्रभावित परिवार अपने घरों के अंदर थे, लेकिन गनीमत रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। अखंड पाठक (देवार्थ नौढ़िया) और रामजी साहू सहित कई अन्य लोगों के घरों को भी तेज हवा और भारी बारिश से नुकसान पहुंचा है।
फसलों पर भी मौसम की मार, किसान मायूस
ओलावृष्टि और तेज़ आंधी के कारण खेतों में गेहूं, चना, मसूर और सरसों की फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं। इस नुकसान ने पहले से ही आर्थिक संकट से जूझ रहे किसानों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।
प्राकृतिक आपदा से लोग सहमे, प्रशासन कर रहा आंकलन

स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसी तेज़ आंधी-तूफान और ओलावृष्टि इस क्षेत्र में बहुत कम देखने को मिलती है। अचानक आए इस प्राकृतिक प्रकोप ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया है।
प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को त्वरित राहत देने के लिए सर्वेक्षण शुरू कर दिया है। मौसम विभाग ने आगामी दिनों में भी बारिश और तेज़ हवाओं की संभावना जताई है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
मुआवजा मिलेगा, प्रशासन जुटा राहत कार्य में
तहसीलदार एकता शुक्ला ने बताया कि प्रभावित किसानों और मकान मालिकों के नुकसान का आंकलन करने के लिए पटवारियों की टीम मौके पर भेजी गई है। शासन से मिलने वाली क्षतिपूर्ति राशि जल्द ही पात्र लोगों को प्रदान की जाएगी।








