Re. No. MP-47–0010301

सीधी में एक बार फिर एंबूलेंस में लगी आग

सीधी में एक बार फिर एंबूलेंस में लगी आग

सीधी-जिले में एंबूलेंस वाहन में आगजनी की चौथे दिन फिर दूसरी घटना सामने आई है। सीएमएचओ कार्यालय के सामने खड़ी एक एंबूलेंस वाहन में अचानक आग लग गई। जिसे वहां मौजूद सुरक्षा गार्ड ने देखा तो कोतवाली पुलिस को सूचित किया गया। फायर ब्रिगेड की मदद से पुलिस आग पर काबू पाने में सफल रही। घटना सोमवार की रात्रि करीब १२ बजे की है।
बताया गया कि सीएमएचओ कार्यालय के सामने खड़ी एंबूलेंस वाहन क्रमांक एमपी ०२ एभी ६८५४ में २० मई सोमवार की रात्रि करीब १२ बजे अचानक आग लग गई, जिसको देखकर सुरक्षा गार्ड के द्वारा कोतवाली पुलिस को सूचित किया गया। पुलिस स्थल पर पहुंचकर फायर ब्रिगेड की मदद से आग पर काबू पाई। सीएमएचओ के द्वारा कोतवाली नगर निरीक्षक को पत्र लिखा गया है, जिसमें उल्लेख किया गया है कि इससे पूर्व २३ जनवरी को विपिन पिता नीकू रावत द्वारा इसी एंबूलेंस वाहन में लाठी डंडे से तोड़-फोड़ की गई थी, जिसे सुरक्षा गार्ड मदन मोहन रजक द्वारा देख लिया गया था, जिसकी रिपोर्ट कोतवाली में दर्ज करवाई गई थी, किंतु पुलिस कुछ समय के लिए हिरासत में लेने के बाद आरोपी को छोड़ दिया गया था,जहां से वे वापस लौटकर सुरक्षा गार्ड के साथ मारपीट किया था, जिससे सुरक्षा गार्ड को उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पीडि़त की रिपोर्ट पर आरोपी के खिलाफ दोबारा एफआईआर दर्ज की गई थी। जिसके आधार पर अपने से आगजनी न होकर आग लगाने की आशंका ब्यक्त करते हुए जांच के लिए कोतवाली पुलिस को पत्र लिखा गया है।

हो सकती थी बड़ी नुकसानी-
जिस एंबूलेंस वाहन में आग लगी उसी वाहन के बगल में एक करोड़ रुपए की लागत से खरीदा गया चलित अस्पताल का वाहन खड़ा था, चंद कदम की ही दूरी पर स्वास्थ्य विभाग का स्टोर कक्ष स्थापित है, यदि समय रहते सुरक्षा गार्ड न देखा होता तो इस आगजनी से बहुत ज्यादा नुकसान हो सकता था।

चार दिन पूर्व भी एंबूलेंस में लगी थी आग
एंबूलेंस में आग जनी की चार दिन के अंदर दूसरी घटना है। १७ मई की दरमियानी रात्रि को जिला अस्पताल के पीछे खड़ी एक एंबूलेंस में आग लग गई थी, जहां आग लगी उसी के बगल में प्रसूति कक्ष है। इस आगजनी पर भी समय रहते पुलिस द्वारा काबू पा लिया गया था।

Advertisement

Leave a Comment

error: Content is protected !!