प्रदेश के सरकारी कॉलेजों में अब ‘सार्थक एप’ से ही लगेगी उपस्थिति, 1 मार्च से होगा सख्त नियम लागू
भोपाल, 24 फरवरी 2025
प्रदेश के सरकारी कॉलेजों में कार्यरत अधिकारियों, कर्मचारियों और अतिथि विद्वानों के लिए सार्थक एप के माध्यम से उपस्थिति अनिवार्य कर दी गई है। हालांकि, जुलाई 2024 से इसे लागू किए जाने के बावजूद अभी तक केवल 60% उपस्थिति ही एप पर दर्ज हो रही है।
1 मार्च से बिना एप उपस्थिति पर वेतन रोकने के आदेश
उच्च शिक्षा विभाग ने अब सभी क्षेत्रीय संचालकों को पत्र जारी कर कड़े निर्देश दिए हैं कि 1 मार्च 2025 से सिर्फ सार्थक एप से दर्ज उपस्थिति ही मान्य होगी। यदि कोई कर्मचारी, अधिकारी या अतिथि विद्वान एप के माध्यम से अपनी उपस्थिति दर्ज नहीं करता है, तो उसका वेतन रोका जाएगा और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
28 फरवरी तक पूरी करनी होगी प्रक्रिया
प्रदेश के सभी अतिरिक्त संचालकों को 28 फरवरी 2025 तक इस व्यवस्था को पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं। कॉलेजों को अपने सभी अधिकारी, कर्मचारी, अतिथि विद्वान और आउटसोर्स कर्मचारियों की सूची तैयार करनी होगी।
लॉगिन प्रक्रिया तय की गई
- अधिकारियों व कर्मचारियों को लॉगिन के लिए ट्रेजरी एम्प्लॉयी कोड का उपयोग करना होगा।
- अतिथि विद्वानों को लॉगिन के लिए उनका पंजीकृत मोबाइल नंबर ही मान्य होगा।
उच्च शिक्षा विभाग की सख्ती
उच्च शिक्षा विभाग के अनुसार, इस प्रक्रिया को सुनिश्चित करने के लिए सभी कॉलेजों को कड़े निर्देश दिए गए हैं। मार्च से अनुपस्थित रहने वाले कर्मचारियों और अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।








