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Sidhi24news:सीधी जिले के प्रमुख शासकीय समाचार…

प्री मानसून मेंटिनेंस कार्य के कारण 23 अप्रैल से 7 मई तक विद्युत आपूर्ति रहेगी बाधित 

सीधी अधीक्षक अभियंता (संचा-संधा) म.प्र.पू.क्षे.वि.वि.कं. लिमि. ने जानकारी देकर बताया है कि प्री मानसून कार्य हेतु 33 के.व्ही. लाइन एवं उपकेन्द्रों के मेंटीनेंस रख रखाव एवं झाड़ कटिंग कार्य हेतु विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी।

 उन्होंने बताया कि दिनांक 24 अप्रैल को सीधी, चुरहट, रीवा फीडर सीधी से सोन नदी तक, 25.04.2025 को रामपुर फीडर अगडाल से रामपुर तक, 26.04.2025 कोठिया फीडर अगडाल से कोठिया और कोठिया चुरहट कोष्टा से मोहनिया टनल तक, 28.04.2025 को पचोखर फीडर चुरहट से पचोखर तक, 29.04.2025 को धनहा फीडर अगडाल से अमिलहा तक, 01.05.2025 को धहना फीडर अमिलहा से धनहा तक, 02.05.2025 खड्डी फीडर धनहा से बरो महान तक, 03.05.2025 को सेमरिया से हनुमानगढ़ तक, 05.05.2025 को सेमरिया से धनहा तक, 06.05.2025 को बघवार फीडर अगडाल से बघवार तक एवं 07.05.2025 को भरतपुर फीडर बघवार से भरतपुर तक फीडरो के अंतर्गत आने वाले समस्त ग्रामों विद्युत आपूर्ति बाघित रहेगी। मेंटिनेंस का कार्य निर्धारित दिवसों में सुबह 6 बजे से 02 बजे तक किया जाएगा। कार्य की अधिकता के आधार पर समय को बढ़ाया या घटाया जा सकता है।                                 —————–

कोटहा एवं कोतरकला में हिरन नाला के सीमांकन एवं अतिक्रमण चिन्हांकन के लिए दल गठित

सीधी तहसीलदार गोपद बनास द्वारा आदेश जारी कर तहसील गोपद बनास अन्तर्गत शहरी क्षेत्र ग्राम कोटहा नगर एवं ग्राम कोतरकला के हिरन नाला में हो रहे अवैध अतिक्रमण के संबंध में उपखण्ड अधिकारी गोपद बनास के निर्देशानुसार दिनांक 26.04.2025 कोे मौके से सीमांकन कार्यवाही एवं अतिक्रमण चिन्हित कर जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत करने हेतु तहसील गोपद बनास अन्तर्गत दल का गठन किया गया है। गठित दल उक्त कार्यवाही निर्देशानुसार पूर्ण करते हुए प्रतिवेदन न्यायालय तहसीलदार तहसील गोपद बनास को प्रस्तुत करेंगे।

जारी आदेशानुसार ग्राम कोटहा के लिए गठित दल में सत्यसागर पाण्डेय राजस्व निरीक्षक सीधी गिर्द-1, सतमन्यू विश्वकर्मा पटवारी हल्का करौंदिया, आशीष कुमार मिश्रा पटवारी हल्का गाड़ाबबन सिंह को शामिल किया गया है। इसके अतिरिक्त सहयोग में संलग्न कर्मचारी कोटवार बृजेन्द्र बंसल, रोहित चौधरी, अवधलाल बंसल एवं राजकुमार बंसल को सम्मिलित किया गया है।

ग्राम कोतरकला के लिए गठित दल में महेश प्रसाद शुक्ला राजस्व निरीक्षक गांधीग्राम, रविशंकर शुक्ला पटवारी हल्का सीधी गिर्द, मुकेश त्रिपाठी पटवारी हल्का पड़ैनिया कला को शामिल किया गया है। इसके अतिरिक्त सहयोग में राजेश गुप्ता, दीपक बंसल, विजय बंसल, विश्वनाथ बंसल कोटवारों को सम्मिलित किया गया है।                                  

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नगर पालिका सीधी ने रखा बेजुबान पक्षियों का ख्याल

सीधी कलेक्टर स्वरोचिष सोमवंशी के निर्देशन एवं नगर पालिका सीधी की अध्यक्ष काजल वर्मा के मार्गदर्शन में शहर के विभिन्न स्थानों में नागरिकों के लिए प्याऊ की व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही इस भीषण गर्मी के मौसम को ध्यान में रखते हुए नगर पालिका द्वारा बेजुबान पक्षियों के लिए दाने और पानी की व्यवस्था कराई जा रही है। भीषण गर्मी को देखते हुए शहर के कलेक्टर कार्यालय स्थित पीपल के पेड़ में मिट्टी के बर्तनों में पानी एवं दाने की व्यवस्था करवाई जा रही है। इस गतिविधि में शहर के विभिन्न वार्ड के नागरिकों को भी जोड़ा जा रहा है जिससे वह भी अपने आसपास के स्थानों में पक्षियों के लिए दाने एवं पानी की व्यवस्था कर सके।                                                     

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किसान भाईयों से नरवाई न जलाने की अपील 

नरवाई जलाना दण्डनीय अपराध 

नरवाई जलाने से घटती है खेत की उर्वरा शक्ति

सीधी वर्तमान में गेंहू फसल की कटाई चल रही है। कटाई के बाद कुछ किसान भाई गेहूँ के अवशेष (नरवाई) को जला देते है। नरवाई जलाने से पर्यावरण को भारी क्षति पहुँचती है, साथ ही खेत की मिट्टी के लाभदायक सूक्ष्म जीवाणु मर जाते हैं। कहने का आशय है कि भूमि गर्म हो जाने से उर्वरता घट जाती है। उपसंचालक कृषि ने किसान भाईयों से अपील की है कि गेंहूँ की कटाई के बाद नरवाई न जलाएँ। नरवाई जलाना दण्डनीय अपराध है। 

फसल के अवशेष जलाने से फैलने वाले प्रदूषण पर अंकुश, अग्नि दुर्घटनाएँ रोकने एवं जान-माल की रक्षा के उद्देश्य से नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के दिशा-निर्देशों के तहत कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री स्वरोचिष सोमवंशी द्वारा आदेश जारी कर जिले में गेहूँ की नरवाई इत्यादि जलाने पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगाया जा चुका है। आदेश का उल्लंघन करने पर भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा-223 के तहत कार्रवाई होगी। साथ ही किसी ने अवशेष जलाए तो उसे पर्यावरण मुआवजा भी अदा करना होगा। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि दो एकड़ से कम भूमि धारक को 2500 रूपए प्रति घटना, दो एकड़ से अधिक व पाँच एकड़ से कम भूमि धारक को पाँच हजार रूपए प्रति घटना एवं पाँच एकड़ से अधिक भूमि धारक को 15 हजार रूपए प्रति घटना पर्यावरण मुआवजा देना होगा। 

आदेश में स्पष्ट किया गया है कि हार्वेस्टर मशीन संचालकों को हार्वेस्टर के साथ अनिवार्यतरू स्ट्रारीपर (भूसा बनाने की मशीन) लगाकर कटाई करनी होगी। यदि कोई कृषक बिना स्ट्रारीपर के फसल काटने के लिये दबाब डालता है तो उसकी सूचना संबंधित पुलिस थाने, ग्राम पंचायत सचिव या ग्राम पंचायत निगरानी अधिकारी को देना होगी।

उप संचालक किसान कल्याण एवं कृषि विकास श्री एस के श्रीवास्तव ने बताया कि नरवाई जलाने से भूमि में अम्लीयता बढती है, जिससे मृदा को अत्यधिक क्षति पहुँचती है। सूक्ष्म जीवाणुओं की सक्रियता घटने लगती है एवं भूमि की जलधारण क्षमता पर भी विपरीत प्रभाव पडता है। किसान भाई कम्बाईन हार्वेस्टर से कटाई के साथ ही भूसा बनाने की मशीन को प्रयुक्त कर यदि भूसा बनायेंगे तो पशुओं के लिए भूसा मिलेगा और फसल अवशेषों का बेहतर प्रबंधन हो सकेगा। साथ ही भूमि की उर्वरा शक्ति बनी रहेगी और पर्यावरण भी सुरक्षित होगा।                                 


जल गंगा संवर्धन अभियान

लगातार 20 वे दिन जारी रहा सेहरा नदी में सफाई अभियान

सीधी मध्यप्रदेश सरकार एवं जन अभियान परिषद के संयुक्त पहल पर विकासखंड मझौली अंतर्गत सेक्टर खड़ौरा के आदर्श ग्राम दादर की सीमा से प्रवाहित सेहरा नदी डैम के तट पर 20 वे दिन लगातार जल ही जीवन है के तहत युवाओं एवं ग्रामीणों की सहभागिता से डैम की साफ सफाई कर आसपास के लोगों को स्वच्छता के साथ-साथ जल संरक्षण हेतु मार्गदर्शित किया गया।

यथार्थ लाल सेवा समिति दादर द्वारा जल का संवर्धन हो इसके लिए विभिन्न सार्वजनिक स्थल जैसे हैंडपंप, कुआं, नदी, तालाब इत्यादि जगहों पर जन भागीदारी से सफाई अभियान चलाया जा रहा जिससे लोगों में जागरूकता देखने को मिला।

आज के श्रमदान कार्य में जिला समन्वयक शिवदत्त उर्मलिया के दिशा निर्देश एवं विकास खंड समन्वयक रजनीश मिश्रा के मार्गदर्शन में अधिवक्ता आशीष सिंह,अभय राज सिंह, लालजी कोल, विक्रम द्वारा प्रमुख रूप से सहभागिता निभाई गई।

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ग्राम पंचायतों में जल गंगा संवर्धन अभियान अंतर्गत जलस्रोतों की साफ-सफाई जारी

जन भागीदारी से जल संरक्षण और जल संवर्धन की दिशा में हो रही पहल

सीधी पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग म.प्र.शासन भोपाल के निर्देशानुसार वर्तमान में जल गंगा संवर्धन अभियान के अंर्तगत जल संरक्षण एवं जल संवर्धन के कार्य कराये जा रहे हैं। कलेक्टर एवं जिला कार्यक्रम समन्वयक मनरेगा जिला सीधी द्वारा जारी कलेण्डर के परिपालन में बुधवार दिनांक 23.04.2025 को जिले की जनपद पंचायत कुसमी की ग्राम पंचायत उमरिया, जनपद पंचायत मझौली की ग्राम पंचायत बनिया टोला, जनपद पंचायत रामपुर नैकिन की ग्राम पंचायत चोरगड़ी तथा कपुरी कोठार, जनपद पंचायत सीधी की ग्राम पंचायत बढ़ौना तथा चिलरीकला एवं जनपद पंचायत सिहावल की ग्राम पंचायत चमरौहा तथा भितरी में जल गंगा संवर्धन अभियान के अंर्तगत कार्यक्रम आयोजित हुए। 

अभियान अंर्तगत नदी एवं तालाब निर्माण कार्य की साफ-सफाई तथा नवीन संरचनाओं यथा खेत तालाब निर्माण कार्य प्रारंभ कराये गये। जल गंगा संवर्धन अभियान का मुख्य उद्देश्य जन भागीदारी से जल संरक्षण और जल संवर्धन सुनिश्चित कराना है। इस अभियान के अंर्तगत समाज की भागीदारी और विभिन्न सहभागी विभागों की समेकित पहल से मुख्यतः नवीन जल संग्रहण संरचनाओं के निर्माण, भूजल संवर्धन, पूर्व से मौजूद जल संग्रहण संरचनाओं की साफ-सफाई व जीर्णाेद्धार/मरम्मत, जल स्त्रोतों में प्रदूषण स्तर को कम करने, जल वितरण की संरचनाओं की साफ-सफाई तथा मानसून में किये जाने वाले पौधारोपण हेतु आवश्यक तैयारियों के कार्य प्राथमिकता से किये जा रहे हैं। जिले में शासन के निर्देशानुसार जल गंगा संवर्धन अभियान के सफल एवं प्रभावी क्रियान्वयन के लिए श्री अंशुमन राज मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सीधी द्वारा प्रति दिवस विडियो कान्फ्रेस के माध्यम से सभी जनपदों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, सहायक यंत्री, अति.कार्यक्रम अधिकारी तथा उपयंत्रियों से विस्तृत जानकारी प्राप्त करते हुए दिशा निर्देश दिये जा रहे हैं। परियोजना अधिकारी मनरेगा जिला पंचायत सीधी श्री शैलेश कुमार पाण्डेय द्वारा कलेक्टर एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सीधी के मार्गदर्शन में जल गंगा संवर्धन अभियान की सतत निगरानी की जा रही है।

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