????️ बरसात बनी बीमारियों की वजह: सीधी जिले में स्वास्थ्य विभाग ने किया सतर्क, बचाव ही सुरक्षा ????
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने वर्षा ऋतु में डायरिया, पीलिया, मलेरिया, डेंगू एवं आई फ्लू से सतर्क रहने की अपील की
सीधी, 08 अगस्त 2025
वर्षा ऋतु जहां एक ओर राहत लेकर आती है, वहीं दूषित पानी और मच्छरों के बढ़ते प्रकोप के कारण यह कई संक्रामक बीमारियों को भी जन्म देती है। सीधी जिले में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने वर्षाकाल में जलजनित एवं मच्छर जनित बीमारियों से सतर्क रहने की अपील करते हुए नागरिकों को अनेक महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं।
???? दूषित जल से फैलती हैं जानलेवा बीमारियां
वर्षा ऋतु के दौरान दूषित पानी के सेवन से टाइफाइड, पीलिया, डायरिया, पेचिस, हैजा जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। रिपोर्ट के अनुसार, देश में जलजनित रोगों से लगभग 80 प्रतिशत मौतें होती हैं। अतः नागरिकों से आग्रह किया गया है कि वे:
- हमेशा उबला हुआ एवं शुद्ध पेयजल का उपयोग करें।
- खाना बनाने से पहले और शौच के बाद साबुन से हाथ धोना न भूलें।
- सड़े-गले फल एवं खाद्य पदार्थों से बचें।
- खाने-पीने की वस्तुएं ढंक कर रखें एवं मक्खियों से बचाव करें।
- हरी सब्जियां और फल साफ पानी से धोकर ही उपयोग करें।
????️ आई फ्लू व कंजक्टिवाइटिस से कैसे करें बचाव?
मानसून के मौसम में कई लोगों को आई-फ्लू (कंजक्टिवाइटिस) की शिकायत होती है, जिसे आम भाषा में “आंखें आना” भी कहा जाता है। इससे बचाव हेतु निम्न उपाय सुझाए गए:
- आंखों और चेहरे को ठंडे पानी से बार-बार धोएं।
- सभी सदस्य अलग-अलग तौलिये व रूमाल का प्रयोग करें।
- आंखों को बार-बार हाथ न लगाएं, धूप का चश्मा पहनें।
- संक्रमित होने की स्थिति में तत्काल नेत्र विशेषज्ञ से परामर्श लें।
???? मलेरिया और डेंगू से रहें सावधान
बरसात के समय मलेरिया व डेंगू का प्रकोप भी बढ़ता है। इनके प्रमुख लक्षणों में ठंड के साथ तेज बुखार, शरीर में दर्द आदि शामिल हैं। मच्छरों से बचाव के लिए निम्न सुझाव दिए गए हैं:
- कूलर, फूलदान, फ्रिज की ट्रे को सप्ताह में कम से कम एक बार अवश्य साफ करें।
- घर के आसपास पानी जमा न होने दें, गड्ढों में जला हुआ ऑयल या मिट्टी का तेल डालें।
- मच्छरदानी का उपयोग करें एवं घर में कीटनाशक का छिड़काव कराएं।
- मलेरिया के लक्षण दिखाई देने पर खून की जांच अवश्य कराएं व चिकित्सक की सलाह से उपचार लें।
???? बच्चों को विशेष रूप से रखें सुरक्षित
बच्चों में बरसात के मौसम में उल्टी-दस्त की समस्या अधिक गंभीर हो सकती है। ऐसी स्थिति में:
- उन्हें ओ.आर.एस घोल व जिंक सल्फेट की गोली डॉक्टर की सलाह अनुसार दें।
- बच्चों के हाथों की स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें।








